महाराष्ट्र में UCC की तैयारी तेज, 7 सदस्यीय कमेटी का गठन

Report By: Kiran Prakash Singh

महाराष्ट्र सरकार ने समान नागरिक संहिता (UCC) के ड्राफ्ट के लिए 7 सदस्यीय हाई-लेवल कमेटी बनाई। रिपोर्ट के बाद शीतकालीन सत्र में विधेयक लाने की तैयारी।

📅 दिनांक: 09 जुलाई 2026
🌐 Website: digitallivenews.com

महाराष्ट्र में UCC लागू करने की तैयारी, 7 सदस्यीय हाई-लेवल कमेटी का गठन

UCC की दिशा में महाराष्ट्र सरकार का बड़ा कदम

महाराष्ट्र सरकार ने समान नागरिक संहिता (Uniform Civil Code – UCC) को लागू करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने विधानसभा में घोषणा की कि राज्य सरकार UCC के ड्राफ्ट को तैयार करने के लिए 7 सदस्यीय हाई-लेवल कमेटी का गठन करेगी। सरकार का लक्ष्य कमेटी की रिपोर्ट मिलने के बाद विधेयक को अंतिम रूप देकर आगामी नागपुर शीतकालीन विधानसभा सत्र में पेश करना है।


रिटायर्ड जस्टिस रंजना देसाई करेंगी कमेटी की अध्यक्षता

मुख्यमंत्री ने बताया कि इस हाई-लेवल कमेटी की अध्यक्षता सेवानिवृत्त न्यायाधीश न्यायमूर्ति रंजना देसाई करेंगी। सरकार के अनुसार, कमेटी के सभी सात सदस्यों के नाम तय कर लिए गए हैं।

यह समिति UCC से जुड़े कानूनी, सामाजिक, प्रशासनिक और संवैधानिक पहलुओं का विस्तृत अध्ययन करेगी और राज्य सरकार को सुझाव देगी कि महाराष्ट्र में समान नागरिक संहिता को किस प्रकार प्रभावी ढंग से लागू किया जा सकता है।


छह महीने में सरकार को सौंपेगी रिपोर्ट

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि समिति को अपनी रिपोर्ट तैयार करने के लिए छह महीने का समय दिया जाएगा। इस दौरान समिति विभिन्न कानूनों, विशेषज्ञों की राय और संबंधित पक्षों के सुझावों का अध्ययन करेगी।

रिपोर्ट मिलने के बाद राज्य सरकार UCC के अंतिम ड्राफ्ट को तैयार करेगी और आवश्यक संवैधानिक प्रक्रियाओं का पालन करते हुए विधेयक आगे बढ़ाया जाएगा।


शीतकालीन सत्र में विधेयक लाने की तैयारी

सरकार का प्रयास है कि नागपुर में होने वाले शीतकालीन विधानसभा सत्र के दौरान UCC से संबंधित विधेयक विधानसभा और विधान परिषद दोनों सदनों में पेश किया जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार इस पूरी प्रक्रिया को संवैधानिक प्रावधानों और कानूनी नियमों के अनुरूप आगे बढ़ाएगी, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की कानूनी जटिलता न आए।


क्या है समान नागरिक संहिता (UCC)?

समान नागरिक संहिता (UCC) का उद्देश्य सभी नागरिकों के लिए विवाह, तलाक, उत्तराधिकार, गोद लेने और पारिवारिक मामलों से जुड़े कानूनों में समानता लाना है। इसका मूल विचार यह है कि व्यक्तिगत कानून धर्म या समुदाय के आधार पर अलग-अलग होने के बजाय सभी नागरिकों पर समान रूप से लागू हों।

हालांकि, UCC को लेकर देश में लंबे समय से अलग-अलग राजनीतिक और सामाजिक मत रहे हैं। समर्थकों का मानना है कि इससे समानता और एकरूपता को बढ़ावा मिलेगा, जबकि कुछ समूहों ने इस विषय पर विभिन्न चिंताएं भी व्यक्त की हैं।

महाराष्ट्र सरकार की यह पहल राज्य में UCC को लेकर प्रक्रिया शुरू करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। अब सभी की नजर हाई-लेवल कमेटी की रिपोर्ट और उसके बाद सरकार के अगले फैसलों पर रहेगी।

📅 दिनांक: 09 जुलाई 2026
🌐 प्रकाशित: digitallivenews.com

Also Read

मुंबई सट्टा बाजार का दावा: किस राज्य में कौन आगे

यूपी में मंत्रियों को विभाग आवंटित, नई जिम्मेदारियां तय

KKR की जीत के बाद शाहरुख का वीडियो हुआ वायरल

सोने की कीमतों में 18 साल बाद बड़ी मासिक गिरावट दर्ज

‘सिंगल पापा’ पर आयशा अहमद का अनुभव

You Might Also Like

स्पेन बनाम अर्जेंटीना: विश्व कप फाइनल में इतिहास और रोमांच

मेसी बनाम यामाल: 19 साल पुरानी तस्वीर से सजा वर्ल्ड कप फाइनल

धमाल 4 का बॉक्स ऑफिस धमाका, 7वें दिन 91 करोड़ के पार

माधुरी से मिल भावुक हुईं वामिका गब्बी, वीडियो हुआ वायरल

यूपी 2027: अखिलेश की रथ यात्रा से गरमा सकती है सियासत

सोनम वांगचुक के अनशन पर AIMIM ने केंद्र सरकार को घेरा

सोनम वांगचुक के समर्थन में सामूहिक भूख हड़ताल की अपील

पीएम मोदी संग BJP की हाई लेवल बैठक, नई टीम पर मंथन तेज

Select Your City