
Report By: Kiran Prakash Singh
मेरठ में दलित छात्रा ललिता गौतम हत्याकांड में अखिलेश यादव ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर न्याय का भरोसा दिया और सरकार पर गंभीर सवाल उठाए।
digitallivenews.com | 11 जुलाई 2026
मेरठ दलित छात्रा हत्याकांड: पीड़ित परिवार से मिले अखिलेश यादव, बोले- ‘PDA अब सहेगा नहीं’
पीड़ित परिवार से मिलकर दिया न्याय का भरोसा
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव शनिवार को मेरठ पहुंचे, जहां उन्होंने दलित छात्रा ललिता गौतम के परिजनों से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने परिवार को सांत्वना दी और भरोसा दिलाया कि समाजवादी पार्टी न्याय की इस लड़ाई में उनके साथ खड़ी रहेगी। उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ निष्पक्ष और कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए तथा पीड़ित परिवार की सभी उचित मांगों पर सरकार को गंभीरता से विचार करना चाहिए।
सोशल मीडिया पर सरकार पर साधा निशाना
अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर भी इस मामले को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि नामजद आरोपियों पर कमजोर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया, जबकि न्याय की मांग कर रहे प्रदर्शनकारियों पर गंभीर धाराएं लगाई गईं। उन्होंने इसे “नाइंसाफी की पराकाष्ठा” बताते हुए कहा कि सरकार को निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित करनी चाहिए। यह उनके राजनीतिक बयान हैं।
‘PDA अब सहेगा नहीं’ का दिया संदेश
अपने बयान में अखिलेश यादव ने कहा कि “PDA अब सहेगा नहीं, कहेगा”। उन्होंने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए और कहा कि आम जनता को न्याय मिलना चाहिए। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ पुलिस अधिकारियों के व्यवहार से पुलिस की छवि प्रभावित हुई है। वहीं पुलिस प्रशासन ने पहले कहा है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कार्रवाई की गई।
हत्याकांड के बाद लगातार बढ़ रहा है विरोध
ललिता गौतम हत्याकांड के बाद मेरठ में लगातार प्रदर्शन और विरोध देखने को मिले हैं। प्रदर्शनकारियों ने दोषियों की जल्द गिरफ्तारी, निष्पक्ष जांच और कड़ी सजा की मांग की है। हाल के दिनों में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प की घटनाएं भी सामने आईं, जिसके बाद प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था और सख्त कर दी। मामले ने पूरे प्रदेश में राजनीतिक और सामाजिक बहस को तेज कर दिया है।
जांच जारी, न्याय की मांग तेज
फिलहाल मामले की जांच जारी है और प्रशासन का कहना है कि सभी तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस बीच विभिन्न राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों ने भी पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) ने भी मामले में उत्तर प्रदेश के डीजीपी और गृह विभाग से रिपोर्ट तलब की है, जिससे इस मामले की गंभीरता और बढ़ गई है।