
Report By: Kiran Prakash Singh
NEET पेपर लीक विवाद के बाद बड़ा फैसला। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा- 2027 से कंप्यूटर बेस्ड होगी NEET परीक्षा।
📅 15 May 2026
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NEET 2026 में बड़ा बदलाव, अब कंप्यूटर पर होगी परीक्षा
पेपर लीक विवाद के बीच सरकार का बड़ा फैसला
देशभर में चर्चा का विषय बने NEET पेपर लीक मामले के बीच केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शुक्रवार, 15 मई 2026 को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर घोषणा की कि अगले साल से NEET परीक्षा कंप्यूटर बेस्ड होगी। अब तक यह परीक्षा OMR शीट पर कराई जाती थी, लेकिन पेपर लीक और परीक्षा सुरक्षा को लेकर उठे सवालों के बाद सरकार ने यह बड़ा बदलाव करने का फैसला लिया है। शिक्षा मंत्री ने कहा कि छात्रों के भविष्य और परीक्षा की पारदर्शिता को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया गया है।
21 जून को दोबारा होगी NEET परीक्षा
राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने ऐलान किया है कि NEET (UG) 2026 की दोबारा परीक्षा अब 21 जून को आयोजित की जाएगी। यह परीक्षा पहले 3 मई को कराई गई थी, लेकिन पेपर लीक की पुष्टि होने के बाद इसे रद्द कर दिया गया। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि छात्रों को परीक्षा केंद्र चुनने के लिए एक सप्ताह का समय दिया जाएगा। वहीं प्रवेश पत्र 14 जून तक जारी कर दिए जाएंगे। सरकार ने यह भी घोषणा की कि परीक्षा में छात्रों को इस बार 15 मिनट का अतिरिक्त समय मिलेगा ताकि किसी प्रकार की परेशानी न हो।
शिक्षा मंत्री बोले- छात्रों का हित सर्वोपरि
प्रेस कॉन्फ्रेंस में धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि सरकार के लिए छात्रों का भविष्य सबसे बड़ी प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि 7 मई को NTA को जानकारी मिली थी कि कुछ प्रश्न कथित “गेस पेपर” से मेल खा रहे हैं। इसके बाद केंद्र सरकार और NTA ने तुरंत जांच शुरू की। राज्य एजेंसियों से संपर्क किया गया और जब यह स्पष्ट हो गया कि प्रश्नपत्र लीक हुआ है, तब परीक्षा को रद्द करने का निर्णय लिया गया। प्रधान ने कहा कि सरकार नहीं चाहती थी कि शिक्षा माफिया की वजह से मेहनती और ईमानदार छात्रों का भविष्य प्रभावित हो।
सीबीआई करेगी दोषियों पर सख्त कार्रवाई
धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि पेपर लीक के पीछे शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। सरकार ने पूरे मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी है। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ एक परीक्षा का मामला नहीं बल्कि शिक्षा व्यवस्था को बचाने की लड़ाई है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि इस बार किसी भी प्रकार की अनियमितता या गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सीबीआई ने जांच शुरू कर दी है और कई संदिग्धों पर नजर रखी जा रही है। सरकार का दावा है कि दोषियों को किसी भी कीमत पर छोड़ा नहीं जाएगा।
कंप्यूटर बेस्ड परीक्षा से बढ़ेगी पारदर्शिता
सरकार का मानना है कि अगले साल से कंप्यूटर बेस्ड NEET परीक्षा लागू होने से पेपर लीक जैसी घटनाओं पर रोक लगेगी। डिजिटल परीक्षा प्रणाली में प्रश्नपत्र की सुरक्षा ज्यादा मजबूत मानी जाती है और इससे परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता भी बढ़ेगी। विशेषज्ञों का कहना है कि इससे परीक्षा केंद्रों पर निगरानी आसान होगी और धांधली की संभावना कम होगी। हालांकि छात्रों और अभिभावकों के बीच अब यह चर्चा शुरू हो गई है कि नई व्यवस्था को लागू करने के लिए सरकार किस तरह की तैयारियां करेगी।