
Report By: Kiran Prakash Singh
मऊ की घोसी नगर पंचायत चुनाव में कोर्ट ने 17 मई को पुनर्मतगणना के आदेश दिए। पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी और लाइव स्ट्रीमिंग होगी।
घोसी नगर पंचायत चुनाव में बड़ा फैसला, 17 मई को होगी पुनर्मतगणना
मऊ | 09 मई 2026 | digitallivenews.com
मऊ की घोसी नगर पंचायत चुनाव को लेकर अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। फास्ट ट्रैक कोर्ट ने वर्ष 2023 में हुए नगर पंचायत चुनाव की पुनर्मतगणना कराने के आदेश दिए हैं। अदालत ने 17 मई को दोबारा मतगणना कराने का निर्देश देते हुए पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी और लाइव स्ट्रीमिंग कराने को भी कहा है। इस फैसले के बाद जिले की राजनीति में हलचल तेज हो गई है।
मामला उस चुनाव से जुड़ा है जिसमें भाजपा प्रत्याशी मुन्ना प्रसाद गुप्ता को विजयी घोषित किया गया था। चुनाव परिणाम के खिलाफ याचिका दायर कर आरोप लगाया गया था कि मतगणना के दौरान भारी गड़बड़ी और हेराफेरी की गई।
कोर्ट ने आरोपों को माना गंभीर
फास्ट ट्रैक कोर्ट के जज दीप नारायण तिवारी ने मामले की सुनवाई के दौरान मतगणना में धांधली के आरोपों को गंभीर माना। अदालत ने कहा कि प्रस्तुत तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर प्रथम दृष्टया चुनाव प्रक्रिया में अनियमितताओं के संकेत मिल रहे हैं।
कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि निष्पक्षता बनाए रखने के लिए दोबारा मतगणना जरूरी है। अदालत की टिप्पणी के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है।
याचिकाकर्ता ने लगाए हेराफेरी के आरोप
इस मामले में याचिकाकर्ता वसीम अहमद ने आरोप लगाया कि मतगणना के दौरान वैध मतों को अवैध घोषित किया गया। उन्होंने दावा किया कि सातों चरणों की मतगणना में सुनियोजित तरीके से गड़बड़ी की गई।
याचिका में कहा गया कि चुनाव परिणाम प्रभावित करने के लिए कई मतों की गलत गिनती की गई और इससे वास्तविक नतीजों पर असर पड़ा। अदालत ने इन आरोपों को गंभीरता से लेते हुए विस्तृत सुनवाई की।
वीडियोग्राफी और लाइव स्ट्रीमिंग के निर्देश
कोर्ट ने पुनर्मतगणना प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाने के लिए विशेष निर्देश जारी किए हैं। अदालत ने कहा कि मतगणना की पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई जाए और उसकी लाइव स्ट्रीमिंग भी सुनिश्चित की जाए।
इसके अलावा अदालत ने आदेश दिया कि मतगणना से जुड़े सभी रिकॉर्ड सुरक्षित रखे जाएं और उन्हें पेन ड्राइव में संरक्षित किया जाए, ताकि भविष्य में किसी विवाद की स्थिति में साक्ष्य उपलब्ध रहें।
प्रशासन और पुलिस की निगरानी में होगी काउंटिंग
अदालत के आदेश के अनुसार पुनर्मतगणना की प्रक्रिया सर्वोदय इंटर कॉलेज घोसी में कराई जाएगी। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारियों और भारी पुलिस बल की मौजूदगी रहेगी।
प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं कि मतगणना प्रक्रिया के दौरान कानून व्यवस्था पूरी तरह बनाए रखी जाए। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी विशेष तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।
फैसले के बाद राजनीतिक हलचल तेज
अदालत के इस फैसले के बाद घोसी नगर पंचायत की राजनीति में हलचल बढ़ गई है। विपक्षी दल इसे लोकतंत्र की जीत बता रहे हैं, जबकि भाजपा समर्थकों की नजर अब पुनर्मतगणना के परिणाम पर टिकी हुई है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यदि पुनर्मतगणना में परिणाम बदलता है तो इसका बड़ा राजनीतिक असर देखने को मिल सकता है। फिलहाल सभी की निगाहें अब 17 मई को होने वाली पुनर्मतगणना पर टिकी हैं।