
Report By: Kiran Prakash Singh
राम मंदिर चढ़ावा विवाद के बीच BJP विधायक अनिल कुमार सिंह के बयान ने राजनीतिक बहस तेज कर दी। उन्होंने दोषियों पर कड़ी कार्रवाई और ईश्वरीय दंड की बात कही।
Published: 01 July 2026 | Digitallivenews.com
राम मंदिर चढ़ावा विवाद: BJP विधायक अनिल कुमार सिंह के बयान से बढ़ी सियासी हलचल
अयोध्या के राम मंदिर में कथित चढ़ावा विवाद को लेकर राजनीतिक बयानबाजी लगातार तेज होती जा रही है। इसी बीच उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले की पुरवा विधानसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी (BJP) के विधायक अनिल कुमार सिंह ने एक बयान देकर नई बहस छेड़ दी है। उन्होंने कहा कि यदि किसी ने मंदिर के चढ़ावे या दान में गड़बड़ी की है तो उसे भगवान श्रीराम स्वयं दंड देंगे। साथ ही उन्होंने कहा कि यदि कोई व्यक्ति दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कानून के तहत भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। विधायक के इस बयान पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी सामने आने लगी हैं।
BJP विधायक ने क्या कहा?
अनिल कुमार सिंह ने मीडिया से बातचीत में कहा कि यदि किसी ने राम मंदिर के चढ़ावे में चोरी या गबन किया है तो वह अपने कर्मों का फल अवश्य भुगतेगा। उन्होंने व्यक्तिगत धार्मिक विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि भगवान श्रीराम ऐसे लोगों को कठोर दंड देंगे और कोई भी दोषी अपने किए से बच नहीं सकेगा।
उन्होंने यह भी कहा कि चोरी करने वाले हर समाज में होते हैं और कई बार अपने ही लोग गलत रास्ता अपना लेते हैं। उनके अनुसार, यदि जांच में कोई व्यक्ति दोषी साबित होता है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी की जानी चाहिए।
कानून के तहत कार्रवाई की भी कही बात
विधायक अनिल कुमार सिंह ने कहा कि यदि किसी भी व्यक्ति की संलिप्तता साबित होती है तो सरकार उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करेगी। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में दोषियों को ऐसा दंड मिलना चाहिए जिससे भविष्य में कोई भी धार्मिक आस्था से जुड़े धन के दुरुपयोग की हिम्मत न कर सके।
हालांकि, यह स्पष्ट करना जरूरी है कि जांच अभी जारी है और संबंधित मामले में किसी भी व्यक्ति की दोषसिद्धि न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही तय होगी।
समाजवादी पार्टी पर भी साधा निशाना
अपने बयान के दौरान अनिल कुमार सिंह ने समाजवादी पार्टी और उसके नेतृत्व पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष धार्मिक और राजनीतिक मुद्दों पर दोहरा रवैया अपनाता है।
उन्होंने कहा कि आज विपक्षी नेता भी भगवान राम का नाम लेने को मजबूर हैं। साथ ही उन्होंने समाजवादी पार्टी पर भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के आरोप लगाए। इन आरोपों पर समाजवादी पार्टी की ओर से तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई।
जांच में ट्रस्ट कोषाध्यक्ष से पूछताछ की चर्चा
राम मंदिर चढ़ावा विवाद की जांच से जुड़ी रिपोर्टों के अनुसार, जांच एजेंसियां श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देवगिरी का बयान दर्ज कर सकती हैं। बताया जा रहा है कि पूछताछ के दौरान दानराशि के प्रबंधन, वित्तीय निगरानी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं से जुड़े पहलुओं पर जानकारी ली जा सकती है।
हालांकि, जांच एजेंसियों की ओर से इस संबंध में आधिकारिक रूप से विस्तृत जानकारी अभी सार्वजनिक नहीं की गई है। मामले की जांच जारी है और अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएंगे।
राजनीतिक बयानबाजी के बीच जांच पर टिकी नजर
राम मंदिर चढ़ावा विवाद को लेकर विभिन्न राजनीतिक दल लगातार एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं। जहां विपक्ष निष्पक्ष जांच की मांग कर रहा है, वहीं सत्तापक्ष का कहना है कि यदि कोई भी व्यक्ति दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई होगी।
इस बीच जांच एजेंसियों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण मानी जा रही है। अंतिम निष्कर्ष और किसी भी संभावित कार्रवाई का आधार जांच रिपोर्ट और उपलब्ध साक्ष्य होंगे। ऐसे में राजनीतिक बयानों से अलग, पूरे मामले में आधिकारिक जांच के नतीजों का इंतजार किया जा रहा है।
— Digitallivenews.com