
Report By: Kiran Prakasgh Singh
ताजमहल में सफाईकर्मी ने प्रतिबंधित मीनार से वीडियो बनाकर वायरल किया, ASI ने कार्रवाई करते हुए नौकरी से हटाया, सुरक्षा नियम और सख्त किए
ताजमहल की सुरक्षा में बड़ी सेंध: सफाईकर्मी ने मीनार से वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर किया वायरल
उत्तर प्रदेश के ताजमहल से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने देश-विदेश में इसकी सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक सफाईकर्मी ने प्रतिबंधित क्षेत्र में जाकर मीनार से 360 डिग्री वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया, जिसके बाद प्रशासन में हड़कंप मच गया।
प्रतिबंधित इलाके में पहुंचकर बनाया वीडियो
जानकारी के मुताबिक, ताजमहल के एक कॉन्ट्रैक्ट सफाई कर्मचारी ने बिना अनुमति प्रतिबंधित क्षेत्र में प्रवेश किया और सीधे मीनार पर चढ़ गया। वहां से उसने एक शानदार लेकिन नियमों का उल्लंघन करने वाला वीडियो बनाया, जिसमें स्मारक का 360 डिग्री व्यू दिखाई दे रहा था।
ताजमहल की सभी मीनारें आम लोगों के लिए पूरी तरह ऑफ-लिमिट्स हैं, ऐसे में यह घटना सुरक्षा में बड़ी चूक मानी जा रही है।
इंस्टाग्राम पर वायरल हुई रील
आरोपी कर्मचारी ने इस वीडियो को अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर अपलोड किया, जहां से यह तेजी से वायरल हो गया। वीडियो में मीनार के ऊपर से लिया गया दृश्य लोगों को आकर्षित कर रहा था, लेकिन जैसे ही यह अधिकारियों की नजर में आया, तुरंत कार्रवाई की गई।
ASI और CISF में मचा हड़कंप
वीडियो सामने आने के बाद Archaeological Survey of India (ASI) और सुरक्षा एजेंसियों में खलबली मच गई। जांच में पता चला कि कर्मचारी ने बिना अनुमति इस क्षेत्र में प्रवेश किया था, जो कि नियमों का गंभीर उल्लंघन है।
कर्मचारी को नौकरी से निकाला गया
मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित सफाईकर्मी को तुरंत नौकरी से हटा दिया गया। साथ ही, जिस ठेकेदार कंपनी के तहत वह काम कर रहा था, उसे भी नोटिस जारी किया गया।
ASI ने इस घटना के बाद साफ किया कि स्मारक की गरिमा और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
सुरक्षा नियम किए गए और सख्त
इस घटना के बाद प्रशासन ने ताजमहल में सुरक्षा नियमों को और कड़ा कर दिया है।
- संवेदनशील क्षेत्रों में कर्मचारियों के लिए मोबाइल फोन ले जाना प्रतिबंधित
- मीनार, मुख्य गुंबद और भूमिगत हिस्सों में फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी पर पूर्ण रोक
- कर्मचारियों की गतिविधियों पर कड़ी निगरानी
इन कदमों का उद्देश्य भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकना और स्मारक की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
निष्कर्ष
ताजमहल जैसे विश्व धरोहर स्थल पर इस तरह की घटना न केवल सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाती है, बल्कि यह भी दिखाती है कि अंदरूनी स्तर पर नियमों के पालन में ढिलाई कितनी खतरनाक हो सकती है। अब देखना होगा कि प्रशासन आगे ऐसे मामलों को रोकने के लिए कितनी प्रभावी रणनीति अपनाता है।