
Report By: Kiran Prakash Singh
आगरा में समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने फतेहपुर सीकरी विधायक बाबूलाल पर हल्के अंदाज में चुटकी ली। बयान के बाद चुनावी सियासत को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
Published Date: 29 जून 2026
सीएम योगी ने फतेहपुर सीकरी विधायक बाबूलाल पर ली चुटकी, चुनावी चर्चाओं ने पकड़ा जोर
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आगरा दौरे के दौरान आयोजित एक समीक्षा बैठक में फतेहपुर सीकरी से भाजपा विधायक चौधरी बाबूलाल पर हल्के-फुल्के अंदाज में टिप्पणी की। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री की इस टिप्पणी के बाद उपस्थित जनप्रतिनिधियों के बीच हंसी का माहौल बन गया। वहीं, विधानसभा चुनाव नजदीक आने के कारण इस बयान के राजनीतिक मायने भी निकाले जाने लगे हैं।
मुख्यमंत्री की यह टिप्पणी उस समय आई जब विधायक बाबूलाल ने अपने विधानसभा क्षेत्र के एक ऐतिहासिक मंदिर तक सड़क निर्माण कराने का प्रस्ताव रखा। मुख्यमंत्री ने मुस्कुराते हुए कहा कि सड़क तो बन जाएगी, लेकिन “आप भी महात्माओं के साथ ही रहिए।” इस टिप्पणी के बाद बैठक में मौजूद लोग मुस्कुरा उठे।
बैठक शुरू होने से पहले भी लिया हल्का मजाक
आगरा के कमिश्नरी सभागार में विकास कार्यों की समीक्षा बैठक शुरू होने से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधायक चौधरी बाबूलाल को देखकर हल्के अंदाज में कहा कि उन्हें सांसद राजकुमार चाहर के पास बैठना चाहिए।
मुख्यमंत्री की इस टिप्पणी पर बैठक में मौजूद जनप्रतिनिधियों ने भी मुस्कुराते हुए प्रतिक्रिया दी। बैठक का माहौल कुछ देर के लिए हल्का हो गया और इसके बाद विकास कार्यों की समीक्षा शुरू हुई।
मंदिर तक सड़क निर्माण का रखा प्रस्ताव
बैठक के दौरान जब फतेहपुर सीकरी विधानसभा क्षेत्र से जुड़े विकास कार्यों पर चर्चा हुई, तब विधायक बाबूलाल ने रुनकता स्थित एक ऐतिहासिक मंदिर तक सड़क निर्माण कराने का अनुरोध किया। उन्होंने मुख्यमंत्री को बताया कि मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और महात्मा आते हैं, इसलिए बेहतर सड़क की आवश्यकता है।
इस पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जवाब देते हुए कहा कि सड़क का निर्माण कराया जाएगा, लेकिन बाबूलाल को महात्माओं के साथ रहने की सलाह भी मजाकिया अंदाज में दे डाली। यह टिप्पणी तुरंत चर्चा का विषय बन गई।
राजनीतिक गलियारों में शुरू हुई अटकलें
मुख्यमंत्री की इस टिप्पणी के बाद राजनीतिक हलकों में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। कुछ राजनीतिक विश्लेषक और स्थानीय कार्यकर्ता इसे आगामी विधानसभा चुनाव से जोड़कर देख रहे हैं, जबकि कई लोग इसे केवल हल्के-फुल्के अंदाज में कही गई बात मान रहे हैं।
हालांकि मुख्यमंत्री की ओर से इस टिप्पणी को लेकर कोई अलग राजनीतिक संकेत नहीं दिया गया है। इसलिए इसके राजनीतिक अर्थ निकालना केवल अटकलें मानी जा रही हैं।
लोकसभा चुनाव के बाद भी चर्चा में रहे बाबूलाल
फतेहपुर सीकरी के विधायक चौधरी बाबूलाल लोकसभा चुनाव के दौरान भी अपनी राजनीतिक गतिविधियों को लेकर चर्चा में रहे थे। इसके बाद भी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कई मौकों पर उनके साथ हल्के-फुल्के अंदाज में बातचीत करते नजर आए हैं।
राजनीतिक पर्यवेक्षकों का मानना है कि भाजपा के भीतर नेताओं के बीच इस तरह की सार्वजनिक टिप्पणियां कई बार सामान्य राजनीतिक संवाद का हिस्सा होती हैं और इन्हें हमेशा बड़े राजनीतिक संकेत के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
विधानसभा चुनाव से पहले बढ़ी सियासी सरगर्मी
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव की तैयारियां धीरे-धीरे तेज हो रही हैं। ऐसे में नेताओं के बयान, मंच साझा करने के अंदाज और सार्वजनिक टिप्पणियां भी राजनीतिक चर्चा का विषय बन रही हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की यह टिप्पणी भी इसी वजह से सुर्खियों में है। हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि इसका कोई राजनीतिक संदेश था या यह केवल बैठक के दौरान किया गया हल्का-फुल्का मजाक था। आने वाले समय में पार्टी की चुनावी रणनीति और उम्मीदवारों के चयन के बाद ही इन चर्चाओं की वास्तविक तस्वीर साफ हो सकेगी।
Source: digitallivenews.com