
Report By: Kiran Prakash Singh
पैलेट गन मामले में राहुल गांधी घायल छात्र साहिल लोचब के साथ DCP कार्यालय पहुंचे। उन्होंने FIR, न्यायिक जांच और जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग की।
21 अगस्त 2026 | digitallivenews.com
धरने के बीच राहुल गांधी बोले- क्रूरता के लिए जिम्मेदारों पर होगी कार्रवाई
साहिल लोचब के साथ DCP कार्यालय पहुंचे राहुल गांधी
दिल्ली में छात्रों के प्रदर्शन के दौरान कथित पैलेट गन के इस्तेमाल को लेकर राजनीतिक विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी शुक्रवार को 19 वर्षीय साहिल लोचब के साथ संसद मार्ग स्थित पुलिस उपायुक्त (DCP) कार्यालय पहुंचे। राहुल गांधी ने साहिल के मामले में FIR दर्ज करने और पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच की मांग की।
कांग्रेस के मुताबिक, 20 जुलाई को जंतर-मंतर पर NEET प्रश्नपत्र लीक के विरोध में छात्र प्रदर्शन कर रहे थे। इसी दौरान पुलिस की कार्रवाई में साहिल घायल हुए। राहुल गांधी का आरोप है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पैलेट गन का इस्तेमाल किया गया, जिससे साहिल की आंख में गंभीर चोट आई।
राहुल गांधी ने कहा कि वह इस मामले में न्याय मिलने तक पीछे हटने वाले नहीं हैं और FIR दर्ज कराने की मांग जारी रहेगी।
राहुल गांधी बोले- यह गंभीर अपराध है
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ इस तरह की कार्रवाई केवल कानूनी मुद्दा नहीं बल्कि गंभीर अपराध है। उन्होंने कहा कि प्रदर्शनकारियों के साथ हुई कथित कार्रवाई की जवाबदेही तय होनी चाहिए।
राहुल गांधी ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और प्रधानमंत्री को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि घटना के बाद छात्रों को सरकार की ओर से पर्याप्त जवाब नहीं मिला।
कांग्रेस नेता ने कहा कि साहिल न्याय के लिए FIR दर्ज कराना चाहते हैं, लेकिन उन्हें शिकायत दर्ज कराने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। राहुल गांधी ने इसे नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों से जोड़ते हुए सरकार पर निशाना साधा।
FIR और न्यायिक जांच की मांग पर अड़े राहुल
राहुल गांधी ने स्पष्ट किया कि इस मामले में केवल राजनीतिक बयानबाजी पर्याप्त नहीं है। उन्होंने FIR, न्यायिक जांच और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग की।
उन्होंने कहा कि घटना की जांच निष्पक्ष तरीके से होनी चाहिए और यह पता लगाया जाना चाहिए कि प्रदर्शन के दौरान पैलेट गन का इस्तेमाल किन परिस्थितियों में किया गया।
राहुल गांधी ने दावा किया कि अगर जांच होती है तो घटना के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान हो सकेगी। उन्होंने कहा कि जिम्मेदारी केवल निचले स्तर तक सीमित नहीं रहनी चाहिए और जिन अधिकारियों या जिम्मेदार लोगों की भूमिका सामने आए, उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।
साहिल की आंख में लगी गंभीर चोट
साहिल लोचब और उनके परिवार की ओर से आरोप लगाया गया है कि संसद मार्च के दौरान पुलिस की कार्रवाई में पैलेट गन के छर्रे लगने से साहिल घायल हुए। 19 वर्षीय साहिल की दाईं आंख में गंभीर चोट आने की बात कही गई है।
परिवार का कहना है कि चोट के कारण उनकी आंख की रोशनी को लेकर गंभीर चिंता पैदा हुई। इसी मामले में साहिल अब पुलिस के सामने अपनी शिकायत दर्ज कराने और FIR की मांग कर रहे हैं।
राहुल गांधी इससे पहले भी साहिल से मुलाकात कर चुके हैं। जुलाई में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान वह साहिल को मीडिया के सामने लेकर आए थे और घटना को लेकर केंद्र सरकार से जवाब मांगा था।
न्याय मिलने तक लड़ाई जारी रखने का दावा
DCP कार्यालय पहुंचने के बाद राहुल गांधी ने कहा कि साहिल और उनके जैसे अन्य पीड़ित छात्रों के लिए न्याय की लड़ाई जारी रहेगी। उनका कहना है कि मामले में निष्पक्ष जांच और कानूनी कार्रवाई जरूरी है।
राहुल गांधी ने गृह मंत्री अमित शाह को संबोधित करते हुए भी सवाल उठाए और पूछा कि इस मामले में न्यायिक जांच से डरने की वजह क्या है। उन्होंने कहा कि FIR दर्ज होनी चाहिए और पूरे घटनाक्रम की जांच होनी चाहिए।
वहीं, इस पूरे मामले को लेकर राजनीतिक टकराव तेज हो गया है। कांग्रेस जहां कथित पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार से जवाब मांग रही है, वहीं सरकार और बीजेपी की ओर से मामले में पहले से चल रही न्यायिक प्रक्रिया का हवाला दिया जा रहा है।
अब सबकी नजर इस बात पर है कि साहिल लोचब की शिकायत पर FIR दर्ज होती है या नहीं और इस मामले में आगे पुलिस तथा न्यायिक स्तर पर क्या कार्रवाई होती है।
21 अगस्त 2026 | digitallivenews.com