
Report By: Kiran Prakash Singh
दिल्ली हाई कोर्ट ने सोनम वांगचुक की बिगड़ती सेहत पर केंद्र और दिल्ली सरकार से जवाब मांगा। याचिका में जरूरत पड़ने पर जबरन भोजन और तत्काल इलाज की मांग की गई।
सोनम वांगचुक के अनशन पर HC सख्त, केंद्र से मांगा जवाब
हाई कोर्ट ने केंद्र और दिल्ली सरकार से मांगा जवाब
दिल्ली हाई कोर्ट ने सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति को गंभीर मानते हुए केंद्र और दिल्ली सरकार से जवाब तलब किया है। मामले की सुनवाई 16 जुलाई को होगी।
याचिका में जबरन भोजन और इलाज की मांग
याचिका में अदालत से अनुरोध किया गया है कि सरकार को निर्देश दिए जाएं कि वांगचुक को तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए। यदि जान बचाने के लिए आवश्यक हो तो जबरन भोजन भी कराया जाए।
18 दिन से आमरण अनशन जारी
सोनम वांगचुक 28 जून से जंतर-मंतर पर आमरण अनशन पर बैठे हैं। वह NEET UG-2026 पेपर लीक मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। लगातार अनशन के कारण उनका वजन करीब 8.5 किलोग्राम घट चुका है।
देशभर से मिल रहा समर्थन
वांगचुक के समर्थन में नसीरुद्दीन शाह, रत्ना पाठक शाह समेत एक हजार से अधिक लोगों ने पत्र लिखकर उनका समर्थन किया है। अभिनेत्री जीनत अमान ने भी केंद्र सरकार से बातचीत शुरू करने की अपील की है।
सरकार से बातचीत की मांग पर अड़े वांगचुक
डॉक्टरों ने उनकी हालत को चिंताजनक बताया है, लेकिन सोनम वांगचुक अनशन समाप्त करने को तैयार नहीं हैं। उनका कहना है कि उनसे अनशन खत्म करने की बात न कही जाए, बल्कि सरकार से पूछा जाए कि वह बातचीत क्यों नहीं कर रही। अब इस मामले पर सभी की निगाहें दिल्ली हाई कोर्ट की अगली सुनवाई पर टिकी हैं।
© 15 जुलाई 2026 | digitallivenews.com