सोने की कीमतों में 18 साल बाद बड़ी मासिक गिरावट दर्ज

Report By: Kiran Prakash Singh

30 जून 2026: सोने के दामों में जून में 12% गिरावट दर्ज। 2008 के बाद सबसे बड़ी मासिक गिरावट, चांदी और प्लैटिनम की कीमतें भी टूटीं।

Published Date: 30 जून 2026
Website: digitallivenews.com

Gold Price: सोने के साथ पिछले 18 सालों में ऐसा नहीं हुआ, जो जून में हुआ

सोने की कीमतों में इस बार जून महीने में ऐसी गिरावट देखने को मिली है, जो पिछले लगभग 18 सालों में नहीं देखी गई थी। लगातार उतार-चढ़ाव के बीच जहां निवेशकों को पहले तेजी की उम्मीद थी, वहीं जून के आखिरी दिनों में अचानक बड़ी गिरावट ने सभी को चौंका दिया है। विशेषज्ञों के अनुसार यह बदलाव वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों और ब्याज दरों में संभावित बढ़ोतरी की आशंका से जुड़ा हुआ है।

जून में 12% तक गिरा सोने का भाव

जून 2026 के दौरान सोने की कीमतों में करीब 12% तक की गिरावट दर्ज की गई है। मंगलवार, 30 जून को भी बाजार में सोने के दामों में तेज गिरावट देखी गई। यह गिरावट लगातार चौथे महीने दर्ज की जा रही है, जिससे निवेशकों में चिंता बढ़ गई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी इसका असर साफ दिखाई दे रहा है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव

वैश्विक बाजार में स्पॉट गोल्ड की कीमत गिरकर 3,985.57 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच गई। वहीं अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर्स भी 1% की गिरावट के साथ 3,999.20 डॉलर प्रति औंस पर आ गए। भारतीय मुद्रा में यह कीमतें लाखों रुपये प्रति औंस के स्तर पर बनी हुई हैं, लेकिन गिरावट का रुझान स्पष्ट रूप से देखा जा रहा है।

चांदी और प्लैटिनम पर भी पड़ा असर

सोने के साथ-साथ चांदी और प्लैटिनम की कीमतों में भी गिरावट दर्ज की गई है। चांदी की कीमत 1.3% गिरकर 57.53 डॉलर प्रति औंस पर आ गई, जबकि प्लैटिनम 0.7% टूटकर 1,563.25 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया। यह दर्शाता है कि कीमती धातुओं के पूरे बाजार पर दबाव बना हुआ है।

गिरावट के पीछे क्या हैं कारण?

विशेषज्ञों के अनुसार इस गिरावट के पीछे कई अंतरराष्ट्रीय कारण हैं। मिडिल ईस्ट में तनाव और अमेरिका में ब्याज दरें बढ़ने की आशंका ने बाजार में अनिश्चितता पैदा कर दी है। माना जा रहा है कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व महंगाई को नियंत्रित करने के लिए ब्याज दरों में और बढ़ोतरी कर सकता है, जिससे निवेशक सुरक्षित विकल्पों से दूरी बना रहे हैं।

18 साल बाद सबसे बड़ी मासिक गिरावट

आंकड़ों के अनुसार सोने की कीमतों में इस तरह की बड़ी मासिक गिरावट आखिरी बार अक्टूबर 2008 में देखी गई थी। उस समय वैश्विक आर्थिक संकट का दौर था। अब लगभग 18 साल बाद एक बार फिर ऐसी स्थिति बनी है, जिसने बाजार विश्लेषकों को भी हैरान कर दिया है।

फिलहाल निवेशक सतर्क हैं और बाजार की आगे की दिशा पूरी तरह वैश्विक आर्थिक संकेतों पर निर्भर करती नजर आ रही है।

Source: digitallivenews.com

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