
Report By: Kiran Prakash Singh
बिहार में फरक्का जल संधि को लेकर सियासत गरम है। इसी बीच CM सम्राट चौधरी ने BJP कोटे के सभी मंत्रियों की अहम बैठक बुलाई है, जिस पर सबकी नजर है।
बिहार में बढ़ी सियासी हलचल, BJP मंत्रियों की बैठक से चर्चाएं तेज
बिहार की राजनीति में एक बार फिर सियासी हलचल तेज हो गई है। जेडीयू की ओर से फरक्का जल संधि को लेकर लगातार दिए जा रहे बयानों के बीच मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बीजेपी कोटे के सभी मंत्रियों की अहम बैठक बुलाई है। बैठक शुक्रवार शाम 5 बजे मुख्यमंत्री आवास पर होने की बात सामने आई है।
खास बात यह है कि बीजेपी कोटे के सभी मंत्रियों को बैठक में हर हाल में मौजूद रहने के निर्देश दिए गए हैं। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, जो मंत्री इस समय बिहार या पटना से बाहर हैं, उन्हें तत्काल पटना लौटने को कहा गया है। बैठक को लेकर राजनीतिक गलियारों में कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
1. मुख्यमंत्री आवास पर होगी अहम बैठक
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक में बीजेपी कोटे के सभी मंत्री शामिल होंगे। बैठक का समय शुक्रवार शाम 5 बजे बताया गया है। मंत्रियों को अनिवार्य रूप से बैठक में उपस्थित रहने को कहा गया है।
बैठक के अचानक बुलाए जाने और सभी मंत्रियों को बुलाए जाने के कारण इसका राजनीतिक महत्व बढ़ गया है। खासतौर पर ऐसे समय में जब बिहार में फरक्का जल संधि को लेकर जेडीयू और बीजेपी के बीच मुद्दे को लेकर अलग-अलग चर्चाएं सामने आ रही हैं।
2. बाहर गए मंत्रियों को पटना लौटने का निर्देश
बीजेपी सूत्रों के मुताबिक, जो मंत्री इस समय पटना या बिहार से बाहर हैं, उन्हें भी तत्काल वापस लौटने को कहा गया है। इससे बैठक को लेकर उत्सुकता और बढ़ गई है।
हालांकि पार्टी स्तर पर बैठक की एक वजह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों की तैयारी बताई जा रही है। इसके बावजूद मौजूदा राजनीतिक माहौल में बैठक के समय को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
3. फरक्का जल संधि पर JDU के तेवर
दरअसल, जेडीयू की ओर से बिहार के अलग-अलग जिलों में ‘फरक्का जल संधि पर नीतीश संवाद’ कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इन कार्यक्रमों में फरक्का जल संधि को लेकर पार्टी की ओर से लगातार अपनी बात रखी जा रही है।
बीते मंगलवार को बेगूसराय में आयोजित संवाद कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद संजय झा ने भी इस मुद्दे को लेकर पार्टी का रुख सामने रखा था। उन्होंने कहा था कि सत्ता में रहें या नहीं, जेडीयू बिहार के पानी से समझौता नहीं करेगी।
4. संजय झा के बयान के बाद बढ़ी चर्चा
संजय झा ने दावा किया कि 1996 से बिहार के लोगों के साथ अन्याय हो रहा है। उनके मुताबिक, बांग्लादेश के साथ फरक्का समझौते के तहत हुए पानी के बंटवारे का असर बिहार पर पड़ता है।
उन्होंने कहा कि बिहार का एक बड़ा हिस्सा साल के कई महीनों तक बाढ़ की स्थिति का सामना करता है और जब राज्य को पानी की जरूरत होती है, तब पर्याप्त पानी नहीं मिल पाता। इस बयान के बाद फरक्का जल संधि का मुद्दा एक बार फिर बिहार की राजनीति में चर्चा के केंद्र में आ गया।
5. बैठक को लेकर राजनीतिक अटकलें तेज
अब मुख्यमंत्री आवास पर बीजेपी कोटे के मंत्रियों की बैठक की खबर सामने आने के बाद राजनीतिक अटकलें तेज हो गई हैं। फिलहाल बैठक के एजेंडे को लेकर पार्टी की ओर से विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।
एक तरफ बीजेपी इसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर प्रस्तावित कार्यक्रमों से जोड़ रही है, वहीं दूसरी तरफ फरक्का जल संधि को लेकर जेडीयू के आक्रामक रुख के बीच बैठक का समय राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
बैठक के बाद ही साफ हो पाएगा कि इसमें किन मुद्दों पर चर्चा हुई और बिहार की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों को लेकर बीजेपी की आगे की रणनीति क्या होगी। फिलहाल सम्राट चौधरी की बैठक ने बिहार के राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं को जरूर तेज कर दिया है।
दिनांक: 11 सितंबर 2026
digitallivenews.com