CAIT का राहुल गांधी को पत्र, पूछा- आजीविका से बड़ा कैसे विरोध का अधिकार?

Report By: Kiran Prakash Singh

CAIT ने राहुल गांधी को पत्र लिखकर कांग्रेस के विरोध प्रदर्शनों से व्यापार प्रभावित होने का मुद्दा उठाया है। संगठन ने पांच सवाल पूछते हुए आर्थिक नुकसान की भरपाई की मांग की है।

आज की तारीख: 5 नवंबर 2026

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CAIT ने राहुल गांधी से पूछे पांच सवाल, विरोध प्रदर्शनों से व्यापारियों को नुकसान का मुद्दा उठाया

डिजिटल लाइव ब्यूरो

कॉन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को पत्र लिखकर कांग्रेस और अन्य राजनीतिक दलों के विरोध प्रदर्शनों पर सवाल उठाए हैं। संगठन ने आरोप लगाया है कि पिछले एक महीने में हुए प्रदर्शनों, रैलियों और सड़क जाम के कारण व्यापारिक गतिविधियां प्रभावित हुई हैं। खासकर त्योहारों के दौरान व्यापारियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है।

CAIT ने अपने पत्र में सवाल किया है कि क्या विरोध करने का अधिकार व्यापार करने और आजीविका कमाने के अधिकार से बड़ा है? संगठन ने राहुल गांधी से पांच सवालों के जवाब मांगे हैं और विरोध प्रदर्शनों से हुए नुकसान की भरपाई को लेकर भी सवाल उठाया है।

1. CAIT ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन के अधिकार का किया समर्थन

CAIT ने पत्र में कहा है कि संगठन हर नागरिक के अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और शांतिपूर्ण प्रदर्शन के अधिकार का समर्थन करता है। ये लोकतंत्र के महत्वपूर्ण आधार हैं, लेकिन इनके नाम पर व्यापारिक गतिविधियों में बाधा डालना और आम नागरिकों की आजीविका प्रभावित करना उचित नहीं है।

पत्र में संविधान के अनुच्छेद 19(1)(g) का भी उल्लेख किया गया है। CAIT का कहना है कि यह अनुच्छेद प्रत्येक नागरिक को अपनी पसंद का व्यवसाय या व्यापार करने का अधिकार देता है। संगठन ने आरोप लगाया कि विरोध प्रदर्शनों के दौरान इस अधिकार को नजरअंदाज किया गया।

2. त्योहारों के समय व्यापार प्रभावित होने का आरोप

CAIT के मुताबिक, पिछले एक महीने में बार-बार हुए विरोध प्रदर्शन, रैलियां और सड़क जाम के कारण व्यापारियों को नुकसान हुआ है। संगठन ने विशेष रूप से त्योहारों के समय बाजारों में कारोबार प्रभावित होने की बात कही है।

पत्र में यह भी कहा गया है कि देश के अलग-अलग हिस्सों से राजधानी आने वाले ग्राहकों और व्यावसायिक आगंतुकों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा। CAIT ने सवाल उठाया कि राजनीतिक असहमति की कीमत छोटे व्यापारियों और कामकाजी परिवारों को क्यों चुकानी चाहिए?

3. CAIT ने राहुल गांधी से पूछे पांच सवाल

CAIT ने अपने पत्र में राहुल गांधी से पांच प्रमुख सवाल पूछे हैं:

पहला सवाल: क्या विरोध करने का अधिकार व्यापार करने और आजीविका कमाने के अधिकार से अधिक महत्वपूर्ण है? राजनीतिक असहमतियों का नुकसान व्यापारियों और कामकाजी परिवारों को क्यों उठाना पड़े?

दूसरा सवाल: क्या देश की राजधानी के व्यावसायिक जीवन को प्रभावित करना राजनीतिक और नैतिक रूप से सही है? विरोध प्रदर्शनों के कारण छोटे व्यापारियों को हुए नुकसान की भरपाई कौन करेगा?

तीसरा सवाल: एक तरफ रैली में शामिल लोगों से स्थानीय बाजारों में खरीदारी करने की अपील की जाती है, वहीं दूसरी तरफ ऐसे प्रदर्शनों का समर्थन किया जाता है, जिनसे ग्राहकों का बाजारों तक पहुंचना मुश्किल हो जाता है। क्या यह विरोधाभास नहीं है?

चौथा सवाल: क्या राहुल गांधी, कांग्रेस पार्टी और उनके सहयोगी दल प्रदर्शनों के कारण व्यापारियों को हुई आर्थिक परेशानियों की जिम्मेदारी लेंगे? या आम नागरिकों की आजीविका को राजनीतिक लड़ाई का नुकसान मानकर छोड़ दिया जाएगा?

पांचवां सवाल: क्या राहुल गांधी अपने व्यवसाय और दैनिक कमाई में लंबे समय तक इसी तरह की बाधा स्वीकार करेंगे? यदि नहीं, तो छोटे व्यापारियों से नुकसान चुपचाप सहने की अपेक्षा क्यों की जाए?

4. 1 नवंबर की रैली को लेकर भी उठाया मुद्दा

CAIT ने अपने पत्र में 1 नवंबर 2026 को दिल्ली के रामलीला मैदान में हुई कांग्रेस की महारैली का भी उल्लेख किया है। संगठन का कहना है कि इस तरह के आयोजनों के कारण राजधानी के व्यापारिक क्षेत्रों में गतिविधियां प्रभावित हुईं।

CAIT ने विरोध प्रदर्शनों से हुए आर्थिक नुकसान का मुद्दा उठाते हुए उसकी भरपाई की मांग की है। संगठन का तर्क है कि शांतिपूर्ण विरोध का अधिकार महत्वपूर्ण है, लेकिन इसके साथ दूसरे नागरिकों के व्यापार और रोजगार के अधिकारों का भी ध्यान रखा जाना चाहिए।

5. CTI ने भी मांगी थी 11 हजार करोड़ रुपये की भरपाई

इससे पहले रामलीला मैदान की रैली के बाद चेंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्रीज (CTI) ने भी व्यापारिक नुकसान का मुद्दा उठाया था। CTI ने करीब 11 हजार करोड़ रुपये के व्यावसायिक नुकसान की भरपाई की मांग की थी।

फिलहाल CAIT के पत्र पर राहुल गांधी या कांग्रेस पार्टी की ओर से कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। अब देखना होगा कि कांग्रेस नेतृत्व इन पांच सवालों का क्या जवाब देता है और व्यापारियों के नुकसान को लेकर क्या रुख अपनाता है।

वेबसाइट: digitallivenews.com

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