
Report By: Kiran Prakash Singh
आगरा में सीएम ग्रिड योजना और मेट्रो निर्माण के चलते हरीपर्वत-मदिया कटरा मार्ग 25 दिन बंद हो सकता है, जिससे ट्रैफिक जाम बढ़ने की आशंका है।
22/05/2026
आगरा में 25 दिन बंद हो सकता है हरीपर्वत-मदिया कटरा मार्ग
मेट्रो निर्माण के बीच बढ़ी शहर की ट्रैफिक चुनौती
Agra में मेट्रो निर्माण कार्य के चलते पहले से ही यातायात व्यवस्था प्रभावित है। एमजी रोड पर बैरिकेडिंग और निर्माण गतिविधियों के कारण बड़ी संख्या में वाहन हरीपर्वत–दिल्ली गेट–मदिया कटरा–लोहामंडी मार्ग से होकर गुजर रहे हैं। यह मार्ग फिलहाल शहर का सबसे प्रमुख वैकल्पिक रास्ता बना हुआ है। ऐसे में अब इस मार्ग के एक हिस्से को 25 दिनों के लिए बंद किए जाने की संभावना ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है।
सीएम ग्रिड योजना के तहत होगा निर्माण कार्य
नगर निगम द्वारा सीएम ग्रिड योजना के अंतर्गत हरीपर्वत से रवि हॉस्पिटल तक पाइपलाइन डालने का कार्य प्रस्तावित है। इस परियोजना के कारण इस महत्वपूर्ण मार्ग पर यातायात बंद करना पड़ सकता है। अधिकारियों के अनुसार 15 जून तक मार्ग परिवर्तन लागू रहने की संभावना है। शुक्रवार को यातायात पुलिस और नगर निगम के अधिकारियों की बैठक में अंतिम निर्णय लिया जाएगा कि मार्ग को कब से पूरी तरह बंद किया जाए।
भीषण गर्मी में जाम से बढ़ सकती है परेशानी
गर्मी के मौसम में पहले ही लोग ट्रैफिक जाम से परेशान हैं। यदि हरीपर्वत-मदिया कटरा मार्ग बंद होता है तो शहर के कई प्रमुख इलाकों में वाहनों का दबाव अचानक बढ़ सकता है। खासतौर पर एमजी रोड, दिल्ली गेट, लोहामंडी और सेंट जॉन्स चौराहा क्षेत्र में लंबा जाम लगने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि अधिकारियों का मानना है कि स्कूलों में 15 मई से 15 जून तक अवकाश होने के कारण यातायात दबाव कुछ कम रहेगा।
वैकल्पिक मार्गों को सुधारने की तैयारी
यातायात पुलिस ने नगर निगम को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि मार्ग बंद करने से पहले वैकल्पिक रास्तों को दुरुस्त किया जाए। इसके तहत स्पीड कलर लैब तिराहा से डी मार्ट होकर दिल्ली गेट तक सड़क को अतिक्रमण मुक्त कराया जाएगा और मरम्मत कार्य भी कराया जाएगा। इसके अलावा सेंट जॉन्स चौराहा से लोहामंडी तक सड़क सुधार और अतिक्रमण हटाने का काम किया जाएगा ताकि ट्रैफिक डायवर्जन के दौरान लोगों को कम परेशानी हो।
अधिकारियों की बैठक के बाद होगा अंतिम फैसला
डीसीपी ट्रैफिक Sonam Kumar ने बताया कि नगर निगम और यातायात विभाग के बीच समन्वय बनाकर अंतिम निर्णय लिया जाएगा। प्रशासन का प्रयास रहेगा कि शहरवासियों को कम से कम परेशानी हो और निर्माण कार्य भी समय पर पूरा हो सके। हालांकि स्थानीय लोगों और व्यापारियों को आशंका है कि मार्ग बंद होने से व्यापार और दैनिक आवागमन दोनों प्रभावित हो सकते हैं।