
Report By: Kiran Prakash Singh
फिरोजाबाद में महिला की पीट-पीटकर हत्या — काम के विवाद ने लिया खूनी रूप, तीन आरोपी गिरफ्तार
Digital Live News | फिरोजाबाद ब्यूरो रिपोर्ट
उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले में एक मामूली काम के झगड़े ने भयावह रूप ले लिया। कारीगर को काम पर रखने को लेकर शुरू हुआ विवाद महिला की नृशंस हत्या तक पहुँच गया।
घटना में लाठी-डंडों और सरिया से हमला किया गया, जिससे महिला की मौके पर ही मौत हो गई और दो अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि बाकी फरार हमलावरों की तलाश में दबिशें दी जा रही हैं।
💔 काम के विवाद से शुरू हुआ खूनी संघर्ष
जानकारी के अनुसार, घटना शहर के प्रतापपुर थाना क्षेत्र की है।
स्थानीय निवासी शिशुपाल ने अपने घर में कुछ मरम्मत का काम करवाने के लिए कारीगर राहुल को बुलाया था।
इसी बात को लेकर प्रवीन नामक व्यक्ति और उसके साथियों ने आपत्ति जताई। उनका कहना था कि राहुल को काम देना गलत है, क्योंकि पहले से तय मजदूरों को नज़रअंदाज़ किया गया था।
मामूली तकरार कुछ ही मिनटों में हिंसक झड़प में बदल गई।
प्रवीन, अनिल, गौरव, सौरभ, नीरज और पंकज नाम के युवकों ने लाठी-डंडे और सरिया से हमला कर दिया।
⚖️ महिला की दर्दनाक मौत, दो घायल
इस हमले में शिशुपाल की मां लता देवी गंभीर रूप से घायल हो गईं।
हमलावरों ने उनके सिर पर सरिया से वार किया, जिससे वे बेहोश होकर गिर पड़ीं।
उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया, लेकिन रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया।
लता देवी की बेटी सुमन और एक रिश्तेदार भी घायल हुए हैं, जिनका इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है।
घटना के बाद पूरे गांव में सन्नाटा और गम का माहौल है।
🚨 तीन आरोपी गिरफ्तार, बाकी फरार
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुँचकर जांच शुरू की।
प्रतापपुर थाना प्रभारी अंजीश कुमार ने बताया कि पुलिस ने प्रवीन, अनिल और गौरव को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
बाकी चार आरोपी — पंकज, सौरभ, नीरज और मनीष — अब भी फरार हैं, जिनकी तलाश में कई टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं।
“तीन मुख्य आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं। बाकी फरार आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी होगी। किसी को बख्शा नहीं जाएगा।”
— इंस्पेक्टर अंजीश कुमार, थाना प्रतापपुर
🩸 गांव में तनाव, पुलिस की निगरानी जारी
हत्या की खबर जैसे ही गांव पहुँची, माहौल तनावपूर्ण हो गया।
पोस्टमार्टम के बाद जब लता देवी का शव घर लाया गया, तो परिजन और ग्रामीणों ने सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया।
काफी मशक्कत के बाद पुलिस अधिकारियों ने लोगों को समझाकर शांत कराया।
फिलहाल गांव में पुलिस बल तैनात है ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
⚖️ FIR दर्ज, हत्या का मुकदमा
पुलिस ने मृतका के बेटे शिशुपाल की तहरीर पर
IPC की धारा 302 (हत्या), 147, 148, 149 (गंभीर हमले और साजिश) के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में जल्द ही चार्जशीट दाखिल की जाएगी।
😢 परिवार में मातम और न्याय की मांग
लता देवी की मौत के बाद परिवार में कोहराम मचा है।
बेटे शिशुपाल ने कहा —
“मां निर्दोष थीं। उन्होंने झगड़ा छुड़ाने की कोशिश की, लेकिन उन पर बेरहमी से हमला कर दिया गया। हमें सिर्फ न्याय चाहिए।”
🔍 निष्कर्ष — काम के झगड़े ने ली जान
फिरोजाबाद की यह घटना एक बार फिर दिखाती है कि कैसे
छोटी-छोटी रंजिशें और गुस्सा हिंसा का रूप ले लेता है।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई ने भले ही कुछ आरोपियों को पकड़ लिया हो,
लेकिन सवाल अब भी वही है —
क्या ऐसी वारदातें रोकने के लिए समाज कुछ बदलेगा?