
Report By: Kiran Prakash Singh
जब विक्की कौशल ने लगभग ठुकरा दी थी ‘उरी’, पिता की एक सलाह ने बदल दी किस्मत
उरी की स्क्रिप्ट पढ़कर विक्की कौशल ने फिल्म रिजेक्ट करने का मन बना लिया था, लेकिन पिता की सलाह ने फैसला बदला और करियर की दिशा बदल दी।
मुंबई (Digital Live News): आज उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक को भारतीय सिनेमा की सबसे यादगार और दमदार फिल्मों में गिना जाता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस फिल्म को करने से पहले अभिनेता विक्की कौशल इसे लगभग रिजेक्ट करने का मन बना चुके थे? अगर उस वक्त उनके पिता ने सही सलाह न दी होती, तो शायद आज विक्की की पहचान कुछ और ही होती।
11 जनवरी 2019 को रिलीज हुई उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक न सिर्फ बॉक्स ऑफिस पर सुपरहिट साबित हुई, बल्कि इसने देशभर में जबरदस्त चर्चा भी पैदा की। फिल्म ने अपने बजट से करीब तीन गुना ज्यादा कमाई की और राजनीतिक गलियारों से लेकर सोशल मीडिया तक हर जगह इसकी गूंज सुनाई दी। जहां कुछ लोगों ने इसे प्रोपेगेंडा फिल्म कहने की कोशिश की, वहीं आम दर्शकों के दिलों पर फिल्म ने ऐसी पकड़ बनाई कि रिलीज के कुछ ही दिनों में यह पूरे भारत में छा गई।
इस फिल्म का निर्देशन आदित्य धर ने किया था और खास बात यह है कि यह उनकी भी पहली बड़ी फिल्म थी। आदित्य की पहली और आखिरी पसंद विक्की कौशल ही थे। हालांकि, उनके आसपास के कई लोगों को शक था कि पतले-दुबले विक्की एक फौजी अफसर के किरदार में स्क्रीन पर कितने प्रभावी लगेंगे। लेकिन आदित्य अपने फैसले को लेकर पूरी तरह अडिग थे—उन्हें यकीन था कि यह रोल विक्की ही निभा सकते हैं।
दूसरी तरफ, खुद विक्की कौशल इस फिल्म को लेकर कंफ्यूजन में थे। विक्की उन अभिनेताओं में से हैं जो किसी भी स्क्रिप्ट को तब तक हां नहीं कहते, जब तक वे उससे भावनात्मक रूप से जुड़ाव महसूस न करें। उरी की स्क्रिप्ट पढ़ने के बाद भी उन्हें कुछ ऐसा ही महसूस हुआ और उन्होंने तय कर लिया था कि वे यह फिल्म नहीं करेंगे।
लेकिन कहानी में असली ट्विस्ट तब आया, जब विक्की ने यह बात अपने पिता से शेयर की। एक इंटरव्यू में विक्की खुद इस बात का खुलासा कर चुके हैं कि उनके पिता ने उनसे कहा कि वे स्क्रिप्ट को एक बार फिर ध्यान से पढ़ें। पिता ने उन्हें साफ शब्दों में सलाह दी—
“अगर तुमने यह फिल्म नहीं की, तो यह तुम्हारी जिंदगी की सबसे बड़ी गलती होगी।”
पिता की बात विक्की के दिल तक पहुंची। उन्होंने दोबारा स्क्रिप्ट पढ़ी और इस बार कहानी, किरदार और फिल्म की भावना को गहराई से समझा। यहीं से उनका नजरिया बदला और उन्होंने फिल्म के लिए हां कह दी।
इसके बाद जो हुआ, वह इतिहास बन गया। उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक ने न सिर्फ विक्की कौशल को घर-घर में पहचान दिलाई, बल्कि इसी फिल्म के लिए उन्हें नेशनल अवॉर्ड से भी सम्मानित किया गया। यह फिल्म उनके करियर का सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट साबित हुई।
कहते हैं कि कभी-कभी जिंदगी में एक सही सलाह, एक सही फैसला और एक सही मौका—सब कुछ बदल देता है। उरी के साथ विक्की कौशल की कहानी भी कुछ ऐसी ही है, जो यह सिखाती है कि हर ‘ना’ के पीछे एक बड़ा ‘हां’ छिपा हो सकता है।