
Report By: Kiran Prakash Singh
मुस्लिम महिला ने मंदिर में रचाई शादी, बोली— “मैं रामभक्त हूँ; हलाला और तीन तलाक से परेशान होकर छोड़ा इस्लाम”
बरेली की नूरजहां ने हलाला और तीन तलाक से परेशान होकर हिंदू धर्म अपनाया और मंदिर में शादी कर पूनम बन नई जिंदगी की शुरुआत की।
बरेली (DIGITALLIVENEWS)
बरेली की 24 वर्षीय नूरजहां ने अपने साहस और विश्वास की नई कहानी लिख दी है। नूरजहां अब पूनम बन चुकी हैं। उन्होंने अपने प्रेमी, एक हिंदू युवक, के साथ मंदिर में सात फेरे लेकर नई जिंदगी की शुरुआत कर दी। यह फैसला आसान नहीं था, लेकिन पूनम का कहना है कि उन्होंने अपनी इच्छा और आत्मसम्मान के लिए यह कदम उठाया।
पूनम ने बताया कि वह लंबे समय से तीन तलाक और हलाला जैसी कुरीतियों से मानसिक रूप से बेहद परेशान थीं। उनका कहना है—
“मैंने बहुत सहा, लेकिन अब डर के साथ नहीं जीना था। मैं रामभक्त हूँ और अपनी मर्जी से हिंदू धर्म अपनाया है।”
करीब 7–8 महीने तक चले रिलेशनशिप के बाद दोनों ने अपने परिवारों की सहमति के बिना ही मंदिर में विवाह किया। शादी के दौरान पूनम ने मांग में सिंदूर भरवाया और हिंदू रीति-रिवाजों को अपनाते हुए सात फेरे लिए।
नई जिंदगी की शुरुआत को लेकर पूनम खुश नजर आईं। उन्होंने कहा—
“मैं बस एक सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन चाहती हूँ। मेरे लिए धर्म से ज्यादा इंसानियत और प्यार मायने रखता है।”
पूनम और उनके पति अब चाहते हैं कि समाज भी उनके फैसले का सम्मान करे और उन्हें अपने जीवन के नए अध्याय को शांति के साथ जीने दे।